प्रश्नोत्तर P1-0002 · भाग 1
मैं आपके बताए सत्कर्म ईमानदारी से कर रहा हूं, पर मन काम-भोग के लिए परेशान करता है। शरीर से कर्म नहीं कर रहा, पर मन उधर रहता है। क्या करूं?
बस जरूरतमंद की सेवा करो, सत्कर्म करते रहो, सत्संग सुनते रहो। धीरे-धीरे वह हट जाएगा। यह पुराना है — जितना आपने किया है, वे सब यादें आ रही हैं। कोई बात नहीं, धीरे-धीरे हट जाएगा।
सत्संग वीडियो देखेंऐप में खोलें
वीडियो: 21 रात अपनों की कुटिया हरियाणा यमुना तट#योगी · 2026-10-15