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प्रश्नोत्तर P20-0027 · भाग 20

गुरु जी, जिसने हमारा अपमान किया उसे हम याद रखते हैं, पर जिनका हमने किया उन्हें भूल जाते हैं — यह बंधन कैसे टूटे?

यह भी बंधन है — एक में द्वेष, एक में राग। किसी ने आपको थप्पड़ मारा तो बड़ी पीड़ा है, पर आपने जिसको मारा उसके लिए पीड़ा नहीं होती। जिसने मारा उसे आप श्राप दे रहे हो, और जिसे आपने मारा वह आपको — यही सर्कल चल रहा है। बंधन तब टूटना चालू होगा जब जिसको आपने थप्पड़ मारा उसके लिए पश्चाताप उठेगा — "जब मुझे इतने सालों का अपमान नहीं निकलता, तो वह कैसे रह रहा होगा।" तब आप में मानवता जगेगी।

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वीडियो: ब्रह्म जीव और माया में क्या भेद है ? #yogijikasatsang #aadhyatmik_satsang #livesatsang #gyan · 2024-12-26