आध्यात्मिक प्रत्यक्ष ज्ञान

प्रश्नोत्तर P23-0175 · भाग 23

गुरु जी, कलयुग का सबसे बुरा कर्म क्या है और सबसे पुण्य कर्म क्या है?

मैं तो बस इतना समझा — कलयुग हो चाहे कोई युग हो — बिना मतलब किसी की भावनाओं को सताना पाप है; और आप किसी की भावनाओं को समझ के उसे मार्ग बता रहे हैं, सत मार्ग बता रहे हैं, तो यही पुण्य है। पाप-पुण्य जहां तक मैंने समझा, यही है, चाहे कोई भी युग हो।

सत्संग वीडियो देखेंऐप में खोलें

वीडियो: साधक की दिनचर्या क्या होनी चाहिए ? / दिनचर्या साधक की #livesatsang · 2025-03-12