आध्यात्मिक प्रत्यक्ष ज्ञान

प्रश्नोत्तर P29-0112 · भाग 29

गुरु जी, हमें आत्मज्ञान हुआ है, यह कैसे पता चलता है?

जैसे मान लीजिए आपको भूख लगी — किसको पता चलता है? आपको। खिलाने वाले को पता चलता है कि आपका पेट भरा है या नहीं, या खाने वाले को? खाने वाले को। प्यास लगी है, पानी पिलाओ — पिलाने वाले को पता चलता है कि पीने वाले को? वैसे ही आत्मज्ञान होगा तो सबसे पहले आपको ही पता चलेगा। उसके बाद जब आप बोलेंगे तो समाज के लोगों को पता चल जाएगा, क्योंकि सब बदल जाएगा — आपका हावभाव, बोलने का तरीका, चाल-चलन सब बदल जाएगा। कभी देखना, भूख लगे तब आईने में चेहरा देखना और पेट भर जाए उसके बाद चेहरा देखना — दोनों में फर्क मिल जाएगा। वैसे ही आत्मज्ञान जब होगा तो आपके बोलचाल, उठने-बैठने से पता चल जाएगा। जैसे एक स्त्री गर्भ को धारण कर ले तो दो-तीन महीने से ज्यादा समाज से छुपा नहीं सकती; दुनिया में आज तक ऐसी कोई व्यवस्था नहीं कि कोई गर्भ को छुपा ले।

सत्संग वीडियो देखेंऐप में खोलें

वीडियो: #अहंकार से कैसे मुक्त हों ?| How to Dissolve the #Ego: The Path to #Spiritual #Freedom · 2026-05-13