आध्यात्मिक प्रत्यक्ष ज्ञान · ऐप में खोलें

प्रश्नोत्तर P21-0009 · भाग 21

अहम वृत्ति से स्व खुद को कर्ता मानता है, उसी से इच्छा-अपेक्षा जुड़ी है — स्व कर्ता कब मानता है?

स्व कर्ता नहीं है। अपने आप को कर्ता कब मानता है? जब उसे मान की इच्छा होती है — अकेले में कर्ता अपने आप को नहीं मान सकता।

सत्संग वीडियो देखेंऐप में खोलें

वीडियो: इच्छा अपेक्षा क्या है?इससे कैसे मुक्त होते है?(Freedom from Desire & Expectation) Explained in Hindi · 2026-03-07